yogesh
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परिचय  

प्रतिलिपि के साथ:    

सारांश:

झूठे थे कुछ इल्जाम और बेबुनियादी थी वो दलीलें, छीन कर ले गए वो लोग हमसे जिनकी न थी वो जमीनें, और रह गया एक कोने में दब कर वो सच, जिसकी जगह न थी कि वो सीने में भी पल कर जी ले।


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