साया -- भाग- १

शशि कुशवाहा

साया -- भाग- १
(106)
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सारांश

काली घनी अँधेरी अमावस की रात । कड़कती बिजली और तेज बारिश । चारो तरफ गहरा पसरा हुआ सन्नाटा हृदय की धड़कनों को बढ़ाता हुआ। उस सुनसान राह पर तेजी से आती एक गाड़ी , अंदर से एक औरत के चीखने के तेजी से आती ...
Rajeev Sharma
very interesting story
Vinoo Gadroo
अभी तक की कहानी ऐसी है जैसे किसी का फर्स्ट एटेम्पट हो और उसने छोटे छोटे टुकड़े कई जगह से कॉपी किये हों. मैं अभी तक इसके हॉरर से इम्प्रेस नहीं हूँ. माफ कीजियेगा.
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Nisha Sharma
aap achchi kahaniya likhti h mujhe bhut pasand aayi
NAZISH PARWEEN
very nice and interesting story 👌
साहिल शर्मा
कही अजय की आत्मा का जन्म तो नही हो गया।😂
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