विवाह: एक नयी शुरुआत

शशांक भारतीय

विवाह: एक नयी शुरुआत
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सारांश

ठक! ठक! ठक ! दरवाजे पे जोर से खटखट करते हुवे देव को महसूस हुआ की रात के ग्यारह बज रहे हैं. सब सो गए होंगे. इसलिए उसने खटखट धीमे कर दी. बाहर पूरा भोपाल झमझमा रहा था. आज तो बड़े तालाब का मकबरा डूब ही ...
Pawan Gupta
bahut sunder herat touching story 👌👌💐
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