मेरी कहानी

सूर्य नारायण शुक्ल

मेरी कहानी
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सारांश

कमपलीट.............. आज फिर प्रेरणा ने मानव को उसके सही तरीके से अंग्रेजी शब्द कम्पलीट का उच्चारण ना करने के लिए चिढाया आखिर तुम मेरे अंग्रेज़ी के पीछे क्यों पड़ी रहती हो माना हम इंजीनियर हैं तो क्या ...
Manisha Chouhan
sahi kaha Sir aapne...jaruri nhi ki mohobaat krke hame wo mil hi jaye...waise bhi bhagwan sachi mohobaat ko juda krke bhi kahi na kahi mila hi deta h...apki story bohot achi thi...
Puja Kedia
really sandar story ending emotional thi
'दीपक शुक्ला 'कृशानु'
आपकी इस कहानी का भी अंत अधूरे ख़्वाब की ही तरह है।।। अच्छी कहानी
Deepika Tiwari
बहुत सुन्दर
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