दूर की सोच

आशीष कुमार त्रिवेदी

दूर की सोच
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सारांश

वकालत के पेशे में ह्रदय नारायण ने अभी पहचान बनानी शुरू ही की थी। कुछ दिनों पहले ही उन्होंने एक नामी मुवक्किल का केस जीता था। केस पेचीदा था और उनके मुवक्किल की प्रतिष्ठा से जुड़ा था। इसलिए वह केस जीत ...
Pratik F Bramhane
very hard touching lines very nice
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Chhaya Srivastava
कड़वी सच्चाई
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Pawan Pandey
बूढ़े आदमी को न्याय पाते बताया नहीं गया जो कि आवश्यक लगता है
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Shalini Vashisth
nice
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Itika Soni
बहुत सही लिखा आपने........👍👍👍👍
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Rameshpari R Gosesmi Rameshpari
khani puri nhi likhi gyi baki kiyu hey aage nhi clti
Savita Mishra
samay ki mag
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Dasharath Patel
nice
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Anju Chouhan
bahut sahi
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