दहेज रूपी दानव

कुसुम पालीवाल

दहेज रूपी दानव
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सारांश

रीटा हॉस्पिटल में अपनी दोस्त कविता के पास बैठी थी , आज ही उसे इमरजेन्सी वॉर्ड से छुट्टीदेकर जनरल वॉर्ड में शिफ्ट किया था । बचपन की सहेली रीटा .....कविता के सोते हुए चेहरे कोअपलक निहार रही थी , कि किस ...
हेमंत यादव
दहेज जैसी आग बढती जा रही है खत्म करना जरुरी है....
Priyanka Sharma
आपको बहुत बधाइयां देती हूँ कुसुम जी, आपके सार्थक लेखन के लिए . बहुत खूब रचना है ये, बस ये सत्य हो तो क्या कहने इसके। एक मंच अभी आपकी रचनाओं से रहित है। मैं शब्दनगरी वेबसाइट पर भी लिखती हूँ, आपको बताना चाहती हूँ की आप वहाँ पर भी अपने लेख प्रस्तुत करें, बहुत से पाठक वहाँ भी आपकी रचना को पढ़कर आनंदित होंगे, इसी आशा से आपसे ये निवेदन कर रही हूँ। शब्दनगरी भारत की पूर्णतः हिंदी में बनी पहली निःशुल्क वेबसाइट है। मंच की तरफ से आपका स्वागत करती हूँ। अच्छा लेखन अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचना ही चाहिए। . यदि मेरी सहायता की आवश्यकता हो तो मुझे प्रतिउत्तर में अवश्य बताएं। शब्दनगरी पर आप खाता बना कर लिख सकते हैं. shabd.in/Account/Register
प्रीत सिंह
बहुत ही बढ़िया बहुत ही बढ़िया कहानी और समाज में बहुत ही एक अच्छा इस कहानी के माध्यम से संदेश। पहला संदेश तो यह है कि दहेज प्रथा समाज में कितना बड़ा अपराध है और दूसरा यह कि प्यार में केवल सूरत ही नहीं देखी जाती सीरत भी देखी जाती है जो कि इस कहानी के माध्यम से बहुत ही सुंदर ढंग से बताया गया है। कृपया आप मेरी प्रोफाइल पर जाकर मेरी कुछ रचनाएं भी पड़ेगा आशा करता हूं आपको अच्छी लगेगी
shani gupta
lekin ladki k ghar walo ko bhi jail hona chahiye kyunki ye bhi ek blackmailer hai jo jajbati aur jabardasti apne bachcho ko ghar me bandha hua pashu maan lete hai...
Neelima Mishra
समय के साथ सोच बदल रही है, फिर भी अभी काफी लोग है जिनको सुधारने की जरूरत है। अच्छी कहानी
Samta Parmeshwar
भावपूर्ण , सुखांत कहानी है।
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