जूते

नीतू सिंह 'रेणुका'

जूते
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सारांश

उन्हें झूला झूलना नहीं था, क्योंकि वे झूल-झूलकर थक चुकी थीं। दोनों की सफेद शर्ट पसीने से भींग चुकी थीं। मगर झूला किसी दूसरे को भी नहीं देना था, कम से कम तब तक तो नहीं देना था जब तक की इंटरवल खत्म ...
Swarn Lata Purohit
minu ko jute dilaye ki ni, y b to btaiye... wese very nice story👏👏👌👌👌👌👌👌👌
Omee Bhargava
इसे व्यंग कहना गलत होगा यह एक निरुद्देश्य कहानी की श्रेणी में आती है
Lövíñg Ñk
bakwas
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