जुमले थे जुमले

मुकेश कुमार ऋषि वर्मा

जुमले थे जुमले
(8)
पाठक संख्या − 365
पढ़िए

सारांश

' सर... सर... अनर्थ हो गया |' मंत्रीजी के व्यक्तिगत सहायक ने हॉफते - हॉफते मंत्रीजी से कहा | मंत्री-' ऐसा क्या आसमान फट गया कि हॉफते-भागते सीधे मेरे बैडरूम में घुसे चले आये |' व्यक्तिगत सहायक -' ...
ROHIT KAUSHAL
प्रतिलिपि वालों को आधा स्टार भी रखना चाहिए ऐसी बे सिर पैर की कहानियो के लिए.
Gaurav Tandon
best of politics story
Vikash Srivastava
is se kam star nahi h mere pas
sanjay juyal
बे सर पैर की कलम घिसाई से ज्यादा नहीं
hindi@pratilipi.com
080 41710149
सोशल मीडिया पर हमें फॉलो करें।
     

हमारे बारे में
हमारे साथ काम करें
गोपनीयता नीति
सेवा की शर्तें
© 2017 Nasadiya Tech. Pvt. Ltd.