औरत की अहमियत

Sujata Bhatia

औरत की अहमियत
(181)
पाठक संख्या − 7954
पढ़िए

सारांश

घर पर रहने वाली महिलाओं का भी इज्जत और सम्मान देना चाहिऐ क्योकि यही एक मकान को घर बनाती है।
Mamta Upadhyay
वाव अच्छी कहानी😀
Hemant MOdh
बहुत खूब ! शानदार शॉर्ट-फिल्म बन सकती हैं आपकी कहानी पर... Film Visualizer हेमन्त मोढ़ filmvisualizer@gmail.com
Hani Lata
Excellent story....yes mostly husband always says that.....karti kya ho din bhar ghar me....koi kaam to rehta nhi.....
Ajay Gupta
में समझता हूं इसलिए सुबह की पहली चाय में बनाता हूँ ताकि बीवी ये बाते मुझे न कहे क्युकी वो पूरे दिन बच्चों को सम्हालती है
Meera Sajwan
यथार्थ!!👌👌👌लाजवाब।सुंदर शब्दों में सत्य को उकेरा है आपने बहुत ही खूबसूरती से।
Dr Deepayan Choudhury
बेहतरीन जबाब
Hemant Nishad
बहुत खूब
Babul Supriya
बहुत ही अच्छी बढिय़ा हैं सोच बदलने वाली कहानी हैं .....।
सारी टिप्पणियाँ देखें
hindi@pratilipi.com
080 41710149
सोशल मीडिया पर हमें फॉलो करें।
     

हमारे बारे में
हमारे साथ काम करें
गोपनीयता नीति
सेवा की शर्तें
© 2017 Nasadiya Tech. Pvt. Ltd.