आज़ाद मन

संसृति सुजाता

आज़ाद मन
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सारांश

पिछले दिनों सुमीता और रमण अपने स्टूडेंट के आमंत्रण पर शादी की एक रस्म में शामिल हुए। वहाँ पहुँचते ही वे सब उनके आगत पर बहुत खुश हुए। उन दोनों के लिए उस परिवार से मिला आदर और अपनापन कभी नहीं बिसारा जा ...
Bhanwar Lal Sharma
जिंदगी हसीन भी लग सकती है बस नजरिया बदलने की बात है यह आपने इस कहानी से साबित कर दिया है बहुत-बहुत आभार🙏🙏
Mithilesh Kumari
सब औरतों में अपने किये गये काम का मूल्य बच्चों की सफलता से आंका जा ता है,उसकीवाहवाही ही उसकी संतुष्टि होती है।
Neeharika Saxena
It is the precious job in the world
ANUPMA TIWARI
यहाँ अगर होम मेकर बोल दिया जाए। तो ऐसे मुँह बनाते है जैसे किसी की मौत की खबर सुन ली हो। सीधा जवाब होता है फिर। काम ही क्या है इसके पास। ऐसा क्यों।
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Ashok Singhal
It is rather difficult instead of straight as story or movies depicts. Key is whether being home maker is by choice despite other options or due to circumstances whether personal,professional or external . Some people succeed despite while most succeed because of external support/reasons.
Shyam Sunder Shanker Naidu
अति सुन्दर एवं सामाजिक सोच पर अत्यंत सामायिक रचना।
Neena Sharma
सुन्दर परिभाषा गृहणी की
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