अधूरा प्रायश्चित

सीमा सिंह

अधूरा प्रायश्चित
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डॉ. इला अग्रवाल
वक़्त पर समझ न आये तो पछताने के सिवा कुछ नहीं रहता ...और भाग्य कहकर खुद को सांत्वना दी जाती है बस पर कुछ घाव कभी नहीं भरते😢
Deepak Kumar
marmik par beyhadh khoobsurat........sukriya iss kahani ke liye....
मनोज कुमार बरनवाल
बेहद ही उम्दा कहानी।कहानी व लेखन शैली दोनो ही उत्तम है
jyoti
kaafi umdaa story thi
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